पूर्णिमा
त्योहार कैलेंडरनक्षत्र समय चुनी गई तारीख से जुड़े हैं। रात पार करने वाले समय सहित आरंभ और समाप्ति की पूरी तारीखें दिखाई जाती हैं।
दिन के समय देखें| तत्व | मान | से | तक |
|---|---|---|---|
| तिथि | पूर्णिमा | 00:00 | 09:42 |
| तिथि | प्रतिपदा | 09:42 | 23:59 |
| नक्षत्र | अश्विनी | 00:00 | 17:40 |
| नक्षत्र | भरणी | 17:40 | 23:59 |
| करण | बव | 00:00 | 09:42 |
| करण | बालव | 09:42 | 20:24 |
| करण | कौलव | 20:24 | 23:59 |
| योग | वज्र | 00:00 | 14:14 |
| योग | सिद्धि | 14:14 | 23:59 |
| चंद्र राशि | मेष | 00:00 | 23:59 |
पूर्णिमा उपासना
परंपरा में चंद्र संबंधी मंत्र, जप और सात्विक आचरण किया जाता है।
सोमवार का वैकल्पिक व्रत
सोमवार के शिव व्रत में हल्का सात्विक भोजन लिया जाता है।
सामान्य व्याख्या
पक्ष: शुक्ल। तारीख: 2026-10-26 (Asia/Kolkata)।
पर्व की तारीखें और व्रत की विधियां क्षेत्र व परंपरा के अनुसार अलग हो सकती हैं।
| तारीख | तिथि | नक्षत्र | चंद्र राशि | पहला समय |
|---|---|---|---|---|
| 2026-10-26 | प्रतिपदा | अश्विनी | मेष | 06:28 |
| 2026-10-27 | द्वितीया | भरणी | मेष | 27 अक्टू., 06:29 |
| 2026-10-28 | तृतीया | कृत्तिका | वृषभ | 28 अक्टू., 06:30 |
| 2026-10-29 | चतुर्थी | मृगशिरा | वृषभ | 29 अक्टू., 07:54 |
| 2026-10-30 | पंचमी | आर्द्रा | मिथुन | 30 अक्टू., 06:31 |
| 2026-10-31 | षष्ठी | पुनर्वसु | मिथुन | 31 अक्टू., 08:00 |
| 2026-11-01 | सप्तमी | पुष्य | कर्क | 01 नव., 06:33 |
सभी समय Asia/Kolkata के अनुसार हैं। अगले दिन तक चलने वाले समय के साथ तारीख दी गई है। पारंपरिक व्याख्याएं निश्चित भविष्यवाणियां नहीं हैं।